Supreme Court को Pollution सिर्फ़ दिवाली पर ही क्यों दिखता हैं Supreme Court Ban Sale of Crackers Delhi

Supreme Court Ban sale of crackers इन दिल्ली।

सुप्रीम कोर्ट ने कल अपने आदेश में कहा की दिल्ली NCR में  पटाखे 31 october 2017  तक नहीं  बेचेे जा सकते हैं सुप्रीम कोर्ट ने कहा की पिछले साल भी दिवाली की वजह से दिल्ली की हवा में तीन गुना ज़्यादा प्रदूषण पाया गया था।
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 सवाल ये हैं की क्या  supreme Court ने जो ban लगाया हैं क्या उस से दिल्ली की हवा साफ हो जाये गी।

इस फैसले पर सोशल मीडिया में काफी चर्चा चल रही है फेसबुक ट्विटर पर काफी तीखी प्रतिक्रिय आ रही है।
सुप्रीम court ने सिर्फ पटाखे बेचने पर  ban लगाया हैं   
दिल्ली वाले पटाखे जला सकते है किसी और स्टेट से ले कर।

अब सवाल ये है की कोर्ट को सिर्फ दिवाली, होली और ,दहीहंडी, जलिकटु, पर ही क्यों याद आती है प्रदूषण ,पानी की बचत ,रंग, चोट, जानवर के साथ खेलना। etc

आज हम इस पर बात करने वाले हैं। की कोर्ट और सरकार को हमेशा दिवाली पर है प्रदूषण की याद क्यों आती है।
हुम् यह यह बिल्कुल नहीं कह रहे की पटाखे से Pollution नहीं होता हैंं। बिल्कुल होता है pollution लेकिन क्या सिर्फ दिवाली से ही पटाखे चलाने से ही ?

             ( मोदी सरकार में क्या देश की GdP काम हो रहीं हैं।)

Humne दिल्ली के pollution पर रीसर्च की टोह देखए क्या कारण है पॉल्युशन का?

  1. Diesel डीजल
  2. Old vehicles पुरानी गाड़िया
  3. Factories
  4. Generators 
  5. सबसे ज़्यादा दिल्ली की रोड से जो धूल dust उड़ती हैं सबसे ज़्यादा pollution होता हैं।
  6. मक़ानू के निर्माण से।
  7. घर से निकलने वाले धुंए
  8. Concrete बचिंग
  9. Petro Coke 
  10. और भी बहौत कारण है pollution के etc
अब सवाल ये हैं की क्या कोर्ट इन सब 
को भी ban करेगा जैसे डीजल से चलने वाली गाड़िया, डीजल से चलने वाले गेनेटर्स, तोह क्या सुप्रीम कोर्ट डीजल को भी ban करेगा।
  • Generators से भी पॉल्युशन होता है क्या कोर्ट Generators को भी ban करेगा ?
  • जो factories है उन पर भी ban लगे गा क्या?
  • जिन दुकानदार ने पटाखे खरीद के रखे थे उनका कया उनका नुकसान कौन बरे गा वो कहा जाए गए पटाखे बेचने। एक अनुमान के मुताबिक करीब 100 cr का नुकसान हो सकता है दुकानदारों का वो कौन बरे गा।
  • घरों के निर्मण से भी पॉल्युशन होता है तो क्या कोर्ट घर बनानें में भी  रोक लगेगी। etc
             और सबसे बड़ा  सवाल 
क्या सुप्रीम कोर्ट ऐसे ही बकरीद पर भी ban लगाए गा क्यों की बकरीद में भी बेजुबान जानवर को मारा जाता हैं। और महौरम पर भी जहा लोग अपने आप को चोट पाउंचाते हैं। उसका क्या????
जैसे सुप्रीम कोर्ट ने देही हांडी की ऊंचाई 20 ft decide की थी।
और होली पर पानी waste होता हैं। जलिकटु को ban करने के बाद अब हम क्या समजे की अगला नंबर बकरीद का है????

Supreme Court ban sale ऑफ crackers दिल्ली NCR 

Final words

सुप्रीम कोर्ट के फैसले का हमे कोई दुःख नहीं हैं लेकिन क्या सुप्रीम कोर्ट ऐसे ही फैसला किसी और तैहोर पर सुना सकता हैं।?
जो पटाखे न्यू ईयर पर फोड़े जाते है क्या उन से हवा साफ होती है?
जो क्रिसमिस पर चलाये जाते है उनका क्या।
जो ईद पर जलाये जाते है उनका क्या।
जो ईद पर कुरबानी दी जाती है बेजुबान जानवरों को मारा जाता है उसका क्या।
जो मौरहम में अपने आप को नुकसान पाउंचाते है उसके लिए कोई एक्शन ले गा सुप्रीम कोर्ट।?
जब बकरे मारे जाते है उनका waste रोड पर पड़ा रहता है उसका क्या उस से कोई प्रुदशन नही होता । जो उनकी हड्डीया रोड पर पडी रहती है उसका क्या और तोह और जो कुर्बानी पर जानवरों का खून साफ करने के लिए पानी waste होता है उसका क्या।?
अंत में जो पटाखे पाकिस्तान की जीत पर फोड़े जाते हैं उनसे कोन की oxygen निकलती हैं।??

इस आदेश के बाद हम क्या ये मान के चले की अगला नंबर बकरीद का है???


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                           धन्यवाद